रेलवे ने किया ट्रेनें देने से इंकार, अब चार्टर्ड प्लेन से तीर्थ कराएगी पंजाब सरकार
Indian Railway News: रेलवे के एक अधिकारी की ओर से जुबानी तौर पर इस बारे में पंजाब सरकार को सूचना दी थी। उनकी तरफ से कहा गया है कि फरवरी के शुरुआत तक वह ट्रेन मुहैया नहीं करवा पाएंगे।

गुरुनानक जयंती पर पंजाब सरकार की ओर से शुरू की गई मुख्यमंत्री तीर्थ यात्रा योजना के तहत अब बुजुर्गों को चार्टर्ड प्लेन से तीर्थ यात्रा करवाई जाएगी। दरअसल, पहले इसके लिए ट्रेनों की व्यवस्था की गई थी, लेकिन केंद्र सरकार ने ट्रेनें देने से मना कर दिया था। इसके बाद पंजाब सरकार ने हवाई सेवा का विकल्प इस्तेमाल करने का विचार किया है।
सोमवार को पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान ने इसकी घोषणा की। पंजाब सरकार ने इस संबंध में खाका तैयार करने के साथ ही चार्टर्ड विमान भी बुक कर लिया है। वहीं इससे पंजाब सरकार और केंद्र के बीच तनातनी और बढ़ने की संभावना है।
भगवंत मान ने केंद्र पर लगाया था योजना को बंद करने की साजिश का आरोप
पंजाब सरकार ने कई रूटों पर ट्रेन बुक की थी। रेलवे को एडवांस पेमेंट भी कर दी थी और कुछ ट्रेनों से तीर्थ यात्री रवाना भी हो चुके थे, लेकिन बाद में रेलवे ने इंजनों की कमी का हवाल देते हुए ट्रेनें देने से मना कर दिया था। रेलवे ने आने वाले डेढ़ महीने तक यात्रा के लिए ट्रेन मुहैया करवाने में असमर्थता जताई थी।
रेलवे के एक अधिकारी ने जुबानी तौर पर इस बारे में पंजाब सरकार को सूचना दी थी। उनकी तरफ से कहा गया है कि फरवरी के शुरुआत तक वह ट्रेन मुहैया नहीं करवा पाएंगे। इसे मुख्यमंत्री भगवंत मान ने भेदभाव करार देते हुए केंद्र सरकार की ओर से पंजाब सरकार को तंग करने का आरोप लगाया था। उन्होंने कहा था कि केंद्र सरकार इस योजना को बंद करने के लिए यह सब कर रही है। केंद्र सरकार पंजाब के साथ पक्षपातपूर्ण रवैया अपना रही है। सिर्फ पंजाब में ही नहीं यही कोशिश दिल्ली में भी की गई थी, लेकिन मुख्यमंत्री भगवंत मान दो दिन में इसका हल निकालेंगे।
केजरीवाल और भगवंत मान ने की थी शुरूआत
दिल्ली के बाद पंजाब में मुख्यमंत्री तीर्थ यात्रा योजना की शुरुआत 27 नवंबर को अरविंद केजरीवाल और भगवंत मान ने धूरी से की थी। योजना के तहत पंजाब के आर्थिक रूप से कमजोर 60 साल से अधिक उम्र के बुजुर्गों को देशभर के तीर्थ स्थानों की मुफ्त यात्रा कराई जाएगी।
अगले तीन महीनों में 50 हजार से अधिक श्रद्धालुओं को इस सुविधा का लाभ मिलेगा। इनमें 13 हजार श्रद्धालु को ट्रेन से यात्रा करवाना था। प्रत्येक आठ दिन के बाद चलने वाली इन 13 रेलगाड़ियों में से प्रत्येक में एक हजार यात्रियों को ले जाना था। बाकी श्रद्धालुओं को बसों से यात्रा करवाई जाएगी और रोजाना 10 बसें चलेंगी। मुख्यमंत्री तीर्थयात्रा योजना के लिए सरकार ने 40 करोड़ रुपये का बजट रखा है।
लेटेस्ट Hindi News , बॉलीवुड न्यूज, बिजनेस न्यूज, टेक , ऑटो, करियर , और राशिफल, पढ़ने के लिए Live Hindustan App डाउनलोड करें।