संसदीय स्थायी समिति ने सिफारिश की है कि अगर जज भी सरकारी पद पर हैं और लोगों के कर से सैलरी ले रहे हैं तो उन्हें अपनी संपत्ति की जानकारी देनी चाहिए। सरकार को कानून लाकर यह अनिवार्य कर देना चाहिए।
आरजेडी खुद तेजस्वी यादव को लेकर घिरी है, जिनका नाम लैंड फॉर जॉब स्कैम केस में सीबीआई की चार्जशीट में आ गया है। इस पर नीतीश कुमार की पार्टी जेडीयू चुप्पी साधे हुए है। दोनों एक-दूसके के लिए चुप हैं।
देश भर में सभी नागरिकों के लिए एक जैसा कानून बनाने के लिए यूनिफॉर्म सिविल कोड लाने की तैयारी है। इस बीच आदिवासियों समाज को अपवाद के तौर पर छूट देने के भी सुझाव आ रहे हैं। RSS ने भी ऐसी ही सलाह दी है।
यूसीसी को लेकर लॉ पैनल की बैठक में अध्यक्ष सुशील मोदी ने कहा कि आदिवासियों को यूसीसी से छूट मिलनी चाहिए। बहुत सारे ऐसे कानून हैं जिनमें अपवाद होता है।
राज्यसभा सांसद सुशील मोदी की अध्यक्षता वाले पैनल ने निराशा व्यक्त की कि सरकार ने ऐसी अदालतों के कामकाज के लिए बुनियादी ढांचा उपलब्ध कराने पर करोड़ों रुपये खर्च किए हैं, पर वे ठीक से काम नहीं कर रहीं।
राज्यसभा में सुशील मोदी ने कहा कि 2,000 रुपये के नोटों का आपराधिक गतिविधियों व अवैध व्यापार में बड़े पैमाने पर इस्तेमाल हो रहा है। लिहाजा सरकार को इसे चरणबद्ध तरीके से बंद कर देना चाहिए।
भारतीय जनता पार्टी (BJP) ने मणिपुर में बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की पार्टी जनता दल युनाइटेड (जेडीयू) को तगड़ा झटका दिया है। जेडीयू के छह में से पांच विधायकों का भगवा खेमे में विलय हो गया।
जेडीयू विधायकों के बीजेपी में विलय के बाद राज्यसभा सांसद और बिहार बीजेपी के वरिष्ठ नेता सुशील मोदी ने नीतीश कुमार कटाक्ष करते हुए कहा कि मणिपुर और अरुणाचल प्रदेश जैसे राज्य "जेडीयू मुक्त" हो गए।
भाजपा नेता सुशील कुमार मोदी ने नीतीश कुमार पर कटाक्ष किया। कहा कि उन्होंने बड़ी चतुराई से गृह और वित्त दोनों विभागों को रख लिया और इस तरह नीतीश ने तेजस्वी यादव को भी धोखा दे दिया।
बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने बड़ा बयान दिया है। भाजपा में फूट डालते हुए कहा कि अगर वो सुशील कुमार मोदी को 2020 के विधानसभा चुनावों के बाद सीएम बना देते तो चीजें यूं न बिगड़ती।