दीपिका पादुकोण 38 साल की उम्र में हुईं प्रेग्नेंट, 30 के बाद बाद मां बनना है तो ध्यान रखें ये 5 बातें deepika padukone conceived at age 38 know pregnancy risks after 30 doctor suggests precautions, पेरेंटिंग टिप्स - Hindustan
Hindi Newsलाइफस्टाइल न्यूज़पेरेंट्स गाइडdeepika padukone conceived at age 38 know pregnancy risks after 30 doctor suggests precautions

दीपिका पादुकोण 38 साल की उम्र में हुईं प्रेग्नेंट, 30 के बाद बाद मां बनना है तो ध्यान रखें ये 5 बातें

करियर और परिवार की जिम्मेदारियों के बीच आजकल महिलाओं की मां बनने की उम्र बढ़ती जा रही है। दीपिका पादुकोण और रणवीर सिंह 38 साल की उम्र में पेरेंट्स बनने जा रहे हैं। जानें आपको क्या ध्यान रखना चाहिए।

Kajal Sharma लाइव हिंदुस्तान, मुंबईThu, 29 Feb 2024 03:38 PM
share Share
Follow Us on
दीपिका पादुकोण 38 साल की उम्र में हुईं प्रेग्नेंट, 30 के बाद बाद मां बनना है तो ध्यान रखें ये 5 बातें

दीपिका पादुकोण 38 साल की उम्र में पहली बार मां बनने वाली हैं। पुराने जमाने की तुलना में आजकल महिलाओं की कंसीव करने की उम्र बढ़ती जा रही है। उम्र बढ़ने के साथ मिसकैरिज, मृत बच्चे का जन्म या बेबी में कई तरह की बीमारियां होने का खतरा ज्यादा रहता है। अगर आप भी 30 के बाद बच्चा प्लान कर रही हैं तो डॉक्टर की बताई कुछ बातों का ध्यान जरूर रखना चाहिए। 

क्यों होती है 30 के बाद प्रेग्नेंसी में दिक्कत
पढ़ाई और करियर के चलते ज्यादातर कपल बच्चा लेट प्लान कर रहे हैं। बढ़ती उम्र के साथ कंसीव करने में न सिर्फ दिक्कत हो सकती है बल्कि डिलीवरी के बाद भी कई खतरे रहते हैं। गुरुग्राम के मदरहुड हॉस्पिटल की गायनेकॉलजिस्ट डॉक्टर सोनल सिंघल ने वजह बताई कि बढ़ती उम्र के साथ बच्चे पैदा करने में दिक्कतें क्यों होने लगती हैं। वह बताती हैं, फीमेल जब पैदा होती है उसी समय उनमें सारे एग्स मौजूद होते हैं। मतलब 20, 30 या 45 की उम्र में बच्चे पैदा करने वाले अंडे जन्म के समय से ही महिलाओं के अंदर होते हैं। जितने ज्यादा दिन में इन एग्स से बच्चे बनेंगे उतना ज्यादा इनमें डिफेक्ट (क्रोमोसोम्स से जुड़ी दिक्कतें) आने का चांस रहेगा। 

घट जाती है एग्स की क्वॉलिटी
खासतौर पर अगर आप 35 साल के बाद बच्चे पैदा कर रही हैं तो। आंकड़ों के आधार पर कहा जाए तो एक महिला जब टीनेज या 20 के दशक में होती है तो वह सबसे ज्यादा फर्टाइल (बच्चे पैदा करने में सक्षम) होती है। 30 के बाद फर्टिलिटी घटने लगती है। हालांकि कइ महिलाओं में 30 के बाद शुरुआती समय में खास दिक्कत नहीं आती। उम्र बढ़ने के साथ अंडों की क्वॉलिटी कमतर होने लगती है। 35 के आसपास खतरे बढ़ने लगते हैं। 

सीजेरियन डिलीवरी के चांसेज ज्यादा
ज्यादा उम्र में मां बनने से मिसकैरिज, गैस्टेशनल डायबिटीज, कम वजन वाले बच्चे होने के साथ सीजेरियन डिलीवरी के चांसेज बढ़ जाते हैं। बड़ी उम्र की मांओं में भी प्रेग्नेंसी के समय क्लॉट की समस्या जैसे डीप वेन थ्रॉम्बोसिस का खतरा रहता है। 35 पार करने के बाद दिक्कतें बढ़ने के चांसेज ज्यादा हो जाते हैं। 

डॉक्टर ने दिए टिप्स
अगर आप 30 के बाद प्रेग्नेंसी प्लान कर रही हैं तो डॉक्टर के सुझाए इन टिप्स पर ध्यान दे सकती हैं...

-30 के बाद मां बनने जा रही हैं तो प्रीकॉन्सेप्शन काउंसलिंग जरूर करवाएं। इसमें डॉक्टर  आपकी हेल्थ, मेडिकल हिस्ट्री वगैरह देखकर प्रेग्नेंसी के खतरों का आइडिया लगा सकते हैं।

-प्रेग्नेंसी में दिक्कत न आए इसके लिए सेक्शुअली ट्रांसमिटेड डिसीज की स्क्रीनिंग भी करवा लेनी चाहिए।

-आपको लाइफस्टाइल पर ध्यान देना बेहद जरूरी है। बैलेंस्ड डायट, रेग्युलर एक्सरसाइज के साथ स्ट्रेस लेवल पर ध्यान दें। तनाव का सीधा कनेक्शन आपकी प्रेग्नेंसी के कॉम्प्लिकेशंस से है।

-डॉक्टर की सलाह पर प्रीनेटल विटामिन्स जैसे फोलिक एसिड, टेस्टिंग और मॉनिटरिंग करवाएं।

-आपको ब्लड शुगर लेवल मेनटेन करना चाहिए, साथ ही वजन भी नियंत्रित्र रखें। इमोशनल सपोर्ट के साथ सेल्फ केयर पर ध्यान दें। ये सब कंसीव करने के  बाद नहीं बल्कि प्लानिंग के साथ काफी पहले से कर लेना चाहिए।

लेटेस्ट   Hindi News ,    बॉलीवुड न्यूज,   बिजनेस न्यूज,   टेक ,   ऑटो,   करियर , और   राशिफल, पढ़ने के लिए Live Hindustan App डाउनलोड करें।