केंद्रीय नेताओं से मतभेद करके यहां बैठा रह सकता हूं क्या? दिल्ली से तकरार पर योगी का दो टूक जवाब
- उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने साफ-साफ शब्दों में भारतीय जनता पार्टी के केंद्रीय नेताओं से तकरार की बातों को खारिज करते हुए पूछा है कि क्या केंद्रीय नेताओं से मतभेद करके वो यहां बैठे रह सकते हैं।

उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) के केंद्रीय नेताओं से तकरार की चर्चाओं पर साफ-साफ और दो टूक जवाब देते हुए सवाल पूछ लिया है कि क्या केंद्रीय नेताओं से मतभेद करके वो यहां बैठे रह सकते हैं (सीएम बने रह सकते हैं)। समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष अखिलेश यादव लगातार इस तरह के आरोप लगाते रहते हैं कि दिल्ली और लखनऊ का इंजन टकरा रहा है। लोकसभा चुनाव के दौरान आम आदमी पार्टी के संयोजक और दिल्ली के पूर्व सीएम अरविंद केजरीवाल ने कहा था कि पीएम नरेंद्र मोदी 75 साल पूरा करने पर अमित शाह को प्रधानमंत्री बना देंगे और चुनाव जीतने के दो-तीन महीने में योगी को सीएम पद से हटा देंगे।
सीएम योगी आदित्यनाथ से वीडियो इंटरव्यू में समाचार एजेंसी पीटीआई ने सवाल पूछा था कि क्या केंद्रीय नेताओं से आपके कोई मतभेद हैं। इस पर योगी ने कहा- “मतभेद होने की बातें कहां से आ जाती हैं। मैं आखिरी यहां पर पार्टी के कारण ही बैठा हूं ना। केंद्रीय नेताओं के साथ मतभेद करके क्या मैं यहां बैठा रह सकता हूं। दूसरी बात, टिकट का वितरण पार्टी का संसदीय बोर्ड करता है। संसदीय बोर्ड में सबकी चर्चा होती है, सबके विषय पर चर्चा होती है। बाकायदा स्क्रीनिंग के माध्यम से वहां पहुंचती है बातें। बोलने के लिए कोई कुछ भी बोल सकता है। किसी का मुंह आप थोड़े बंद कर सकते हैं।”
योगी हूं, मेरा समीकरण किसी से खराब क्यों होगा? केंद्र से मतभेद की अटकलों पर बोले सीएम
इससे पहले एक समाचार चैनल के कार्यक्रम में योगी ने ऐसे ही सवाल पर कहा था- “मैं तो एक योगी हूं, मेरा समीकरण किसी से खराब क्यों होगा। प्रधानमंत्री जी हमारे नेता हैं। हम अपने राष्ट्रीय अध्यक्ष के आदेश का पालन करते हैं। हम अफवाहों में पड़ेंगे तो कुछ नहीं कर पाएंगे। अफवाहों की परवाह के बगैर हम अपनी राह चल रहे हैं।”