पृथ्वी शॉ ने सचिन, गांगुली और द्रविड़ को किया 'इग्नोर', पूर्व चयनकर्ता बोले- क्या ये लीजेंड मूर्ख हैं?
- पृथ्वी शॉ ने सचिन तेंदुलकर, सौरव गांगुली और राहुल द्रविड़ जैसे दिग्गजों को इग्नोर किया है। इनके आसपास रहते हुए भी वे सुधरे नहीं। ऐसे में पूर्व चयनकर्ता ने उनके आईपीएल में ना चुने जाने के बाद कहा कि क्या ये लीजेंड मूर्ख हैं?

भारतीय बल्लेबाज पृथ्वी शॉ 6 साल तक दिल्ली कैपिटल्स का हिस्सा रहे। उनको तमाम मौके मिले, लेकिन वे उनका फायदा नहीं उठा पाए। यही कारण रहा कि पृथ्वी शॉ को दिल्ली कैपिटल्स ने आईपीएल 2025 मेगा ऑक्शन से पहले रिटेन नहीं किया। इससे भी ज्यादा चौंकाने वाली बात ये रही कि इस अंडर 19 विश्व कप विजेता टीम के कप्तान पृथ्वी शॉ को मेगा ऑक्शन में किसी टीम ने खरीदा तक नहीं। वहीं, उनकी कप्तानी में खेले कई खिलाड़यों को उनकी टीमों ने रिटेन किया और कई खिलाड़ियों को अच्छी खासी कीमत पर खरीदा भी गया, लेकिन पृथ्वी शॉ ऑक्शन में बुरी तरह नजरअंदाज हुए। उनकी इस हालत का जिम्मेदारी कोई और नहीं, बल्कि वे खुद हैं। यही कहना है एक पूर्व सिलेक्टर का।
आईपीएल ऑक्शन से दो दिन पहले एक यूट्यूब वीडियो में पृथ्वी शॉ नजर आए, जहां उन्होंने सचिन तेंदुलकर से मिली सबसे अच्छी एक लाइन की सलाह के बारे में बात की। 25 वर्षीय पृथ्वी शॉ ने ‘फोकस्ड इंडियन’ चैनल पर बताया कि सचिन ने उन्हें सलाह दी थी कि ‘अनुशासन प्रतिभा को मात देता है’। हालांकि, शायद पृथ्वी शॉ ही इस सलाह को नहीं मानते हैं। यही तो वजह है कि वे मुंबई की टीम से भी ड्रॉप हो चुके हैं। वे कभी पार्टी तो कभी लड़की की वजह से विवादों में भी रहे हैं। पृथ्वी को भारतीय क्रिकेट के अगले स्टार के रूप में देखा जा रहा था। 2018 में अंडर 19 विश्व कप जीतने, उससे पहले स्कूल और घरेलू क्रिकेट में अच्छा प्रदर्शन करने के बाद उनको टेस्ट डेब्यू करने का मौका मिला और पहले ही मैच में उन्होंने शतक जड़ दिया। इसके बाद उनके बड़ा क्रिकेटर बनने की उम्मीद जग गई थी, लेकिन इसके बाद उनके करियर का ग्राफ गिरता ही चला गया।
शायद अब वह समय आ गया है, जब उन्हें सचिन तेंदुलकर की सलाह को महज शब्दों तक सीमित नहीं रहने देना चाहिए और उस पर अमल भी करना चाहिए। आईपीएल 2025 मेगा ऑक्शन में दो बार उनका नाम आया और 75 लाख रुपये के बेस प्राइस के बावजूद उनके लिए एक भी बोली नहीं लगी। एक टेबल पर सौरव गांगुली थे, दूसरी पर राहुल द्रविड़। अन्य टेबल्स पर आशीष नेहरा, पार्थिव पटेल, जस्टिन लैंगर, रिकी पोंटिंग, स्टीफन फ्लेमिंग और डेनियल विटोरी थे, लेकिन पृथ्वी शॉ में किसी ने भी दिलचस्पी नहीं दिखाई।
पृथ्वी को करीब से देखने वाले एक पूर्व भारतीय चयनकर्ता ने पीटीआई से कहा, ‘‘पृथ्वी दिल्ली कैपिटल्स में रहे हैं। दिल्ली कैपिटल्स में ही उन्हें अपने अंडर-19 भारतीय कोच राहुल द्रविड़, रिकी पोंटिंग, सौरव गांगुली से बातचीत करने का मौका मिला था। मुंबई क्रिकेट में भी यह सभी को पता है कि तेंदुलकर ने भी उनसे बात की है। क्या ये दिग्गज मूर्ख हैं? क्या आपको उसमें कोई बदलाव दिखता है? अगर दिखता भी है तो वह स्पष्ट नहीं है।’’ एक तरह से पूर्व चयनकर्ता ने कहा है कि पृथ्वी शॉ ने खुद को बदला नहीं है।
भारतीय क्रिकेट में एक कहावत है कि परसेप्शन लाइट से भी तेज चलता है और पृथ्वी के मामले में किसी भी तरफ से कोई सकारात्मक बात नहीं आ रही है। यहां तक कि मुंबई क्रिकेट संघ (एमसीए) ने उन्हें अनफिट होने के कारण रणजी ट्रॉफी टीम से बाहर कर दिया और फिर सैयद मुश्ताक अली ट्रॉफी के लिए वापस बुला लिया। बात इसमें ये भी आई थी कि उनको फिटनेस से ज्यादा अनुशासनहीनता के कारण ड्रॉप किया गया है। भारतीय क्रिकेट जगत में उनकी ये करतूत आग की तरह फैली और उनके लिए खराब साबित हुई।