श्रीअन्न में गेंहू, चावल की अपेक्षा अधिक पोषक तत्व : डॉ़ मीनाक्षी
Prayagraj News - सेक्टर नौ में आयोजित पांच दिवसीय किसान मेले के चौथे दिन किसानों ने विभिन्न कार्यक्रमों में भाग लिया। कृषि प्रदर्शनी में आधुनिक खेती के बीज, जैविक खाद और कृषि यंत्रों की जानकारी मिली। कृषि वैज्ञानिकों...
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सेक्टर नौ स्थित कलशद्वार के पास आयोजित पांच दिवसीय किसान मेले के चौथे दिन मंगलवार को आयोजित विविध कार्यक्रमों में बड़ी संख्या में किसानों ने भाग लिया। मेले में लगी कृषि प्रदर्शनी में किसानों ने आधुनिक खेती संबंधी बीज, जैविक खाद, कृषि यंत्र और योजनाओं से संबंधित जानकारी प्राप्त की। तकनीकी सत्र में कृषि वैज्ञानिकों ने किसानों को श्रीअन्न की महत्ता और मृदा स्वास्थ्य सुधार के बारे में जानकारी दी। कृषि विज्ञान केंद्र कौशाम्बी की डॉ़ मीनाक्षी सक्सेना ने कहा कि ज्वार, बाजरा, मक्का, ककुनी और कोदो जैसे मोटे अनाज में भरपूर पोषक तत्व होते हैं। श्रीअन्न में चावल व गेंहू की तुलना में पांच गुना पोषक तत्व होते हैं। फाइबर की मात्रा दो से 12 प्रतिशत होती है, जो स्वास्थ्य के लिए लाभदायक होता है। इसके सेवन से कैंसर और गुर्दे की बीमारी से भी बचाव होता है।
मिट्टी की जांच कराकर करें उर्वरक का प्रयोग
कृषि विज्ञान केंद्र जौनपुर के डॉ़ शिवेन्द्र प्रताप सिंह ने किसानों को सलाह दी कि खेत की मिट्टी की जांच कराने के बाद ही उर्वरक का प्रयोग करें। सूरन, हल्दी और ड्रैगन फ्रूट की खेती करके अधिक आय प्राप्त कर सकते हैं। शुआट्स के कृषि वैज्ञानिक डॉ़ अजय कुमार ने कहा कि मिट्टी में आवश्यक जीवांश कार्बन की मात्रा 0.8 प्रतिशत से घटकर 0.3 प्रतिशत तक रह गई है। उन्होंने किसानों को बीजामृत, घनजीवामृत एवं जीवामृत जैसी जैविक विधियों से प्राकृतिक खेती को बढ़ावा देने की सलाह दी।
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