गुड न्यूज: कश्मीर के दिलकश नजारे लेना होगा आसान, गोरखपुर से श्रीनगर तक सीधी ट्रेन का प्रस्ताव
- गोरखपुर से जम्मू तक ट्रेन की यात्रा 22 से 23 घंटे की है जबकि जम्मू से श्रीनगर तक सड़क मार्ग से जाने में करीब 10 घंटे लग जाते हैं। ऐसे में श्रीनगर जाने के लिए 35 घंटे का समय लगता है। सीधे कश्मीर तक रेल सेवा शुरू हो जाने से महज 26 से 27 घंटे में गोरखपुर से श्रीनगर पहुंच जाएंगे।

पूर्वी उत्तर प्रदेश के लोगों के लिए कश्मीर के दिलकश नजारे लेना आसान हो सकता है। चिनाब नदी पर बने रेलवे ब्रिज को सीआरएस (कमिश्नर ऑफ रेलवे सेफ्टी) की हरी झंडी मिल जाने के बाद अब एनई रेलवे ने कश्मीर तक सीधी ट्रेन चलाने के लिए कवायद शुरू कर दी है। पूर्वोत्तर रेलवे की योजना छपरा से कटरा तक जाने वाली टीओडी ट्रेन को ही कश्मीर तक चलाने की है।
परिचालन विभाग ने इसका प्रस्ताव तैयार कर बोर्ड को भेज दिया है। बोर्ड से अनुमति मिलने के बाद गोरखपुर से श्रीनगर तक ट्रेन चलाई जा सकेगी। अनुमति के बाद फाइनल टाइम टेबल तैयार किया जाएगा। वर्तमान में गोरखपुर से जम्मू तक दो ट्रेनें हैं। एक गोरखपुर से जम्मू और दूसरी कामख्या से कटरा वाया गोरखपुर।
गोरखपुर से जम्मू तक ट्रेन की यात्रा 22 से 23 घंटे की है जबकि जम्मू से श्रीनगर तक सड़क मार्ग से जाने में करीब 10 घंटे लग जाते हैं। ऐसे में श्रीनगर जाने के लिए 35 घंटे का समय लगता है लेकिन सीधे कश्मीर तक रेल सेवा शुरू हो जाने से महज 26 से 27 घंटे में गोरखपुर से श्रीनगर पहुंच जाएंगे।
आठ जोड़ी ट्रेनों में लगा एलएचबी कोच
आधारभूत संरचना एवं यात्री सुविधाओं को ध्यान में रखकर किए जा रहे कार्यों के क्रम में ट्रेनों में कोचों की संख्या बढ़ाई गई है। इसी कड़ी में आठ जोड़ी ट्रेनों के रेक को आधुनिक एलएचबी रेक से बदला गया है। इसके अलावा 2024-25 में पूर्वोत्तर रेलवे ने 220 जोड़ी तथा 36 एकल यात्रा विशेष गाड़ियां 3486 फेरों में चलाई गई। वहीं, विभिन्न गाड़ियों में 42 अतिरिक्त कोच स्थाई रूप से लगाकर यात्रियों की संख्या में बढ़ाई गई है। जबकि वर्ष 2023-24 में गाड़ियों में चार अतिरिक्त कोच स्थाई रूप से लगाए गए थे। वहीं वर्ष 2024-25 में आठ जोड़ी ट्रेनों में आधुनिक एलएचबी कोच लगाए गए हैं।