Water Supply Crisis in Lakhisarai Residents Struggle Amid Broken Pumps and Insufficient Resources वार्ड 33 में जल समस्या से परेशान हैं वार्डवासी, Lakhisarai Hindi News - Hindustan
Hindi NewsBihar NewsLakhisarai NewsWater Supply Crisis in Lakhisarai Residents Struggle Amid Broken Pumps and Insufficient Resources

वार्ड 33 में जल समस्या से परेशान हैं वार्डवासी

वार्ड 33 में जल समस्या से परेशान हैं वार्डवासी

Newswrap हिन्दुस्तान, लखीसरायWed, 2 April 2025 04:24 AM
share Share
Follow Us on
वार्ड 33 में जल समस्या से परेशान हैं वार्डवासी

प्रस्तुति : अजय कुमार, लखीसराय। नगर परिषद क्षेत्र के वार्ड 33 लाली व काली पहाड़ी क्षेत्र में चापाकल व बोंरिंग कराना आसान नहीं है। इसीलिए सरकार ने काली पहाड़ी-लाली पहाड़ी पाइप जलापूर्ति योजना के नाम से पीएचडी विभाग के द्वारा पानी उपलब्ध कराने का कार्य किया। नगर परिषद के द्वारा काली पहाड़ी और लाली पहाड़ी के आसपास लगभग 30 मोटर पंप लगाए गए जिसमें से 10 से अधिक पंप खराब पड़े हुए हैं जो पानी देना भी बंद कर दिया है और इस गर्मी के मौसम में पानी की जलापूर्ति बहुत ही जरूरी है। वही पीएचडी विभाग के द्वारा 1 घंटे पानी चलाने के कारण लोगों को पानी की सुविधा नहीं मिल पा रही। लेकिन पहाडी क्षेत्र रहने के कारण पहाड पर बसे लोगों के घरों तक पानी नही पहुंचा पा रही है जिससे पानी के लिए वहां के लोग परेशान रहते है। टंकी से उंचा पहाड रहने के कारण जल की समस्या उत्पन्न होती रहती है। इसका स्थाई निदान नही हो पाता है। जब भी पीएडी जलापुर्ति में थोडा सा भी फाल्ट होता है पानी की समस्या उत्पन्न हो जाती हैं वार्ड पार्षद व नगर परिषद के सहयोग से टंकी से पानी की आपुिर्त कराई जाती है। सबसे अधिक समस्या कली पहाडी व लाली पहाडी के पास दलित बस्ती का है। जहां पीने के पानी की समस्या बनी रहती हैं जबकि घरों के ज्यादा तर लोग किउल नदी में जाकर नित क्रिया नहाने कपड़े धोने का कार्य करते है। कई बार इस कारण घटना भी हो जाती है। नगर परिषद के द्वारा जलापुर्ति के लिए टंकी का निर्माण पर 350.36 लाख रुपये खर्च किये गए थे। पहाड़ी क्षेत्र रहने के कारण इस मोहल्ले में पानी की भी समस्या बनी रहती है। वार्ड 33 में करीब 800 घर है। जो काली पहाड़ी एवं लाली पहाड़ी के तलहटी में बसा है। खास कर इस वार्ड में करीब 250 से अधिक महादलित परिवार पहाड़ पर ही अपना आशियाना बना रखा है। करीब 250 परिवारों ने अपनी राशि खर्च कर पीएचईडी के पाइप लाइन से पानी का कनेक्शन लेकर पानी का उपयोग करने का प्रयास किए लेकिन वहां तक पानी नही पहुंच पा रहा है। इस वार्ड में जलापूर्ति योजना से सुबह और शाम में 4-4 घंटा ही पानी आपूर्ति की जाती है। बाकी समय पानी की आपूर्ति बंद कर दी जाती है। जबकि मुहल्ले के लोग पानी कनेक्शन लेने के बाद भी पानी का इंतजार करते रहते है। वही गर्मी में तो दोनो पहाड पर टैंकर ही सहारा बना रहता है। जिस कारण नगर परिषद लखीसराय क्षेत्र के लोगो को पेयजल की समस्या से निजात दिलाने एवं शुद्ध पानी उपलब्ध कराने के लिए पीएचईडी विभाग द्वारा शहर में दो बड़ी जलापूर्ति योजना चलाई जा रही है। एक पुरानी बाजार में दूसरा नया बाजार स्थित पहाड़ी क्षेत्र वार्ड 33 काली-लाली पहाड़ी मोहल्ले में। लेकिन इन दोनों जलापूर्ति योजना से घर-घर पानी नहीं पहुंच रहा है। घरों तक पानी पहुंचाने की जिम्मेदारी नगर विकास विभाग के जिम्मे है। हालांकि पानी की आवश्यक्ता को देखते हुए कुछ लोगों ने अपने खर्च से पीएचईडी के पाइप लाइन से पानी के लिए कनेक्शन लिया है। लेकिन शहर की बड़ी आबादी के घरों तक इन दोनों जलापूर्ति योजना से पानी नहीं पहुंच रहा है। सरकार के नगर विकास विभाग द्वारा स्वीकृत दोनों जलापूर्ति योजना के क्रियान्वयन में पीएचईडी को कार्य का निर्माण एजेंसी बनाया गया था। विभागीय आदेश के अनुसार इन दोनों जलापूर्ति योजना का पांच साल तक रखरखाव संवेदक के जिम्मे था। पीएचईडी द्वारा वर्ष 2014-15 में शहर के पुरानी बाजार एवं काली पहाड़ी-लाली पहाड़ी मोहल्ले में नए सिरे से जलापूर्ति के लिए लोहे की पाइप बिछाई गयी थी। मई 2016 से पाइप जलापूर्ति योजना शुरू की गई। पुरानी बाजार जलापूर्ति योजना पर 408.49 लाख खर्च हुए। इस योजना के तहत पीएचईडी कार्यालय परिसर में एक लाख लीटर क्षमता वाला जलमीनार, उच्च प्रवाही नलकूप का निर्माण किया गया तथा पुरानी बाजार क्षेत्र में पीएचईडी द्वारा 40 सार्वजनिक जगहों पर स्टैंड पोस्ट तैयार कर आम लोगों को पानी की सुविधा उपलब्ध कराई गई है। काली पहाड़ी-लाली पहाड़ी जलापूर्ति योजना के तहत दी गई सुविधा के बावजूद पानी की समस्या सबसे बडी बनी हुई है। यहां लोगों ने मांग किया कि पहाडी क्षेत्र पर जल्द से जल्द पानी की समुचित व्यवस्था की जाए। काली पहाडी लाली पहाडी पूर्वी मुशहरी में पानी की समस्या सालो भर बनी रहती है।

गर्मी के दिनों में लाली पहाडी व काली पहाडी के सभी लोग टैंकर के पानी के सहारे गुजारते जिंदगी

लखीसराय वार्ड संख्या 33 में टैंकर से नगर परिषद् पानी भेजता है। जिससे वहां के लोग पानी पीकर अपनी समस्या से बचते है। यहां के लोग पानी की समस्या से हमेशा जूझते रहते थे। कुछ लोग नदी का पानी पीने व अन्य कार्यों के लिए उपयोग में लाते थे। गर्मी में हमेशा जलमीनार महीने में पंद्रह दिन खराब रहता है। जिसके बाद प्रशासन टैंकर से पानी पहुंचाने का कार्य करता है। मुहल्ले में पानी का टैंकर पहुंचते ही पानी लेने के लिए लोगों ने मारामारी शुरू हो हो जाती है। पर्याप्त संख्या में टैंकर नहीं भेजे जाने के कारण काफी संख्या में लोगों को पानी नहीं मिल पा रहा है।

स्टाटर सहित अन्य सामान की व्यवस्था कराने की मांग

लोगो के द्वारा कई बार इसके लिए जिला प्रशासन से मांग किया गया कि पानी की समस्या से निजात के लिए हर हाल में पीएचडी विभाग को स्टाटर व अन्य छोटे छोटे सामान की स्टाक रखने की मांग किया है ताकि किसी प्रकार की खराबी होने पर उसे तुरंत सही किया जा सके। साथ ही मोटर में खराबी आने पर दुसरे पंप से जोडकर पानी की उलबध्ता की जा सके ऐसी व्यवस्ािा होनी चाहिए। जिससे पानी की समस्या का स्थाई निदान हो सके।

कोट

वार्ड पार्षद माया कुमारी ने कहा कि नगर परिषद के द्वारा पानी की पुर्ति के लिए हर संभव प्रयास किया जाता है। नप के द्वारा नौ मोटर भी दिए गए है। लेकिन काली पहाडी व लाली पहाडी मुशहरी टोला में पानी की समस्या बरकरार है इसके समाधान का प्रयासय किया जाऐगा जिसके लिए नगर परिषद से अनुशंसा कराई गई है।

लोगों ने कहा

01. नगर परिषद के द्वारा वार्ड में लगभग 30 मोटर पंप लगाए गए हैं जिसमें 10 मोटर पंप इस गर्मी के मौसम में ही खराब पड़े हुए हैं उन सभी की मरम्मत कलाकार उसे चालू करने का प्रयास किया जाना चाहिए।

चंदन कुमार

02. मुहल्ले में कुल नौ सरकारी समरसेबल लगाए गए हैं। इनमें से कई समरसेबल खराब रहते हैं। खराब पड़े समरसेबल को ठीक कराने के लिए कई दफा नगर परिषद् को आवेदन दिया गया जिसे बनवाने का कार्य हो रहा है।

चंडी प्रसाद वर्मा

03. जलमीनार के बावजूद लाली पहाडी के मुशहरी दलित बस्ती व काली पहाडी के पास बसे लोग हमेशा जल मीनार खराब रहने पर मजबूरन उनलोगों को नदियों से छानकर पानी लाना पड़ता है। कुछ घरों में समरसेबल है, तो वे हर रोज पानी देना नहीं चाहते। सप्लाई भी होती थी, तो उसे बंद कर दिया गया है।

नवल प्रसाद साव

04. पानी की समस्या होने पर कुछ लोग वार्ड पार्षद के घर से पानी लेते है। कुछ इधर-उधर से पानी इकट्ठा कर अपनी जीवन जीते है। उन्होंने कहा कि पानी की समस्या पहाडी पर विकराल है। जिला से सटे होने के बावजूद भी किसी प्रकार का सहयोग नही हो पाता है।

देवनंदन प्रसाद

05. मुसहरी दलित बस्ती के पास सालो भर पानी की समस्या बनी रहती है। बिना इसके निदान के लिए ठोस प्रयास करने की आवश्कता है। इसके लिए रननीति तैयार कर छोटे मोटर पंप के सहारे पहाड कमी उचांई तक पानी पहुंचाया जा सकता है।

सुबोध साव

06. कई बार इस समस्या के निदान के लिए डीएम सहित कई पदाधिकारी को आवेदन के माध्यम से जानकारी दिया गया है। जिसके बाद कई मोटर पंप लगाए गए लेकिन मुशहरी दलित बस्ती व काली पहाडी में पानी की समस्या अभी भी बनी हुई है।

अशोक साव

07. काली पहाडी के लोगो को हर साल पानी की समस्या से जुझना पडता हैं वहां के लोग अहले सुबह से ही बाजार समिति के पास पुराने पुलिस लाईन के पंप भी पानी का सहारा बनता है। इसके समाधसान की आवश्यकता है।

भरत कुमार

08. लाली पहाड़ी में पानी की हमेशा किल्लत रहती है बावजूद समनालय से नजदीक रहने के बाद भी यहां पानी की सुविधा नहीं हो पाती है गर्मी में के मौसम में टैंकर ही सहारा रहता है।

विजय साहू

09. नगर परिषद को चाहिए कि यहां का स्थाई निदान निकालना चाहिए क्योंकि यहां हमेशा पानी की किल्लत बनी रहती है मोटर पंप भी एक घंटा ही चलता है जिससे पानी की उपलब्धता नहीं हो पाती है।

सुनील कुमार

10. पीएचईडी के द्वारा बिछाए गए पाइप जहां कहां जर्जर हो चुका है उसकी सुध नहीं की जा रही जिसका पानी भी समुचित तरीके से यहां नहीं पहुंच पा रहा है।

मनोज कुमार

लेटेस्ट   Hindi News ,    बॉलीवुड न्यूज,   बिजनेस न्यूज,   टेक ,   ऑटो,   करियर , और   राशिफल, पढ़ने के लिए Live Hindustan App डाउनलोड करें।